अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की वर्कशॉप विद्यार्थियों के ज्ञान, कौशल और आत्मविश्वास को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।इस वर्कशॉप का उद्देश्य बच्चों को भविष्य के लिए तैयार करना था, ताकि वे तकनीकी क्षेत्र में आगे बढ़ सकें। इस प्रकार की गतिविधियाँ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत उपयोगी रहीं।
हेज़लमून स्कूल चांदपुर में रोबोटिक्स वर्कशॉप का सफल आयोजन हुआ
द हेज़लमून स्कूल चांदपुर में विद्यार्थियों के लिए एक रोचक और ज्ञानवर्धक रोबोटिक्स वर्कशॉप का आयोजन किया गया। इस वर्कशॉप का उद्देश्य बच्चों को नई तकनीकों जैसे रोबोटिक्स, कोडिंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से परिचित कराना था।इस वर्कशॉप का संचालन गुरूटेक रोबोटिक्स के को- फाउंडर्स प्रियांशु गोयल, प्रतीक छाबड़ा एवं उनकी टीम के द्वारा किया गया ।इस वर्कशॉप में कक्षा 4 से 8 तक के विद्यार्थियों ने आसान तरीके से मॉडल बनाना सीखा। नई शिक्षा नीति (NEP 2020) के अनुसार विद्यार्थियों में रचनात्मकता, सोचने की क्षमता और समस्याओं को हल करने की योग्यता विकसित की।इस वर्कशॉप में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। वर्कशॉप के दौरान विद्यार्थियों को निम्नलिखित विषयों की जानकारी दी गई:• इलेक्ट्रॉनिक्स और सर्किट की बुनियादी जानकारी• रोबोटिक्स और मशीनों के बारे में• कोडिंग (स्क्रैच के माध्यम से)• आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का परिचयइस वर्कशॉप के माध्यम से बच्चों को नई तकनीकों को समझने और उन्हें प्रयोग में लाने का अवसर मिला। बच्चों ने बहुत उत्साह के साथ भाग लिया और नई-नई चीजें सीखीं।इस अवसर पर विद्यालय की निर्देशिका शक्ति अनिरुद्ध मित्तल ने रोबोटिक्स वर्कशॉप के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ते हैं और उनके भविष्य को सशक्त बनाते हैं।विद्यालय की प्रधानाचार्या गरिमा सिंह ने
